टोक्यो ओलंपिक के स्वर्ण पदक विजेता भारतीय भाला फेंक एथलीट नीरज चोपड़ा को परम विशष्टि सेवा मेडल और पद्मश्री देने की घोषणा की गई है। नीरज चोपड़ा ओलंपिक में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले ट्रैक और फील्ड एथलीट हैं। हरियाणा के नीरज को इसके अलावा देश का चौथा सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्मश्री देने की भी घोषणा की गई है।
पद्मश्री पाने वाले अन्य खिलाड़ियों में हरियाणा के सुमित अंतिल, ओडिशा के प्रमोद भगत, जम्मू-कश्मीर के फैसल अली डार, केरल के शंकर नारायण मेनन चुंडायिल, उत्तराखंड की भारतीय महिला हॉकी खिलाड़ी वंदना कटारिया, राजस्थान की अवनी लेखारा और गोवा के ब्रह्मानंद संखवलकर शामिल हैं।
गृह मंत्रालय ने एक बयान में कहा, “इस साल राष्ट्रपति ने 128 पद्म पुरस्कारों को मंजूरी दी है।”इ
ससे पहले ओलंपिक में एथलेटिक्स में स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले भारतीय सूबेदार नीरज चोपड़ा को उनकी विशिष्ट सेवा के लिए मंगलवार को परम विशिष्ट सेवा पदक से नवाजा गया। भारतीय सेना की चार राजपूताना राइफल्स में सूबेदार चोपड़ा ने अगस्त 2021 में टोक्यो ओलंपिक की भाला फेंक स्पर्धा के फाइनल में अपने दूसरे प्रयास में 87.58 मीटर की दूरी के साथ स्वर्ण पदक जीता था।
भारतीय सेना ने मंगलवार को उन सैन्यकर्मियों की सूची जारी की जिन्हें उनके साहसिक और विशिष्ट सेवा के लिए गणतंत्र दिवस 2022 के मौके पर पुरस्कृत किया गया। चोपड़ा के साथ भारतीय सेना के 18 अन्य मौजूदा और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को परम विशिष्ट सेवा पदक से नवाजा गया। चोपड़ा को खेलों में शानदार प्रदर्शन के लिए 2018 में अर्जुन पुरस्कार और 2020 में विशिष्ट सेवा पदक से सम्मानित किया गया था।
चोपड़ा 15 मई 2016 को नायब सूबेदार के रूप में चार राजपूताना राइफल्स से जुड़े थे। सेना से जुड़ने के बाद उन्हें ‘मिशन ओलंपिक विंग’ और पुणे के सेना खेल संस्थान में ट्रेनिंग के लिए चुना गया। मिशन ओलंपिक विंग भारतीय सेना की पहल है जिसके तहत 11 खेलों की विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं की तैयारी के लिए प्रतिभावान खिलाड़ियों की पहचान की जाती है और उन्हें ट्रेनिंग दी जाती है।
